बैगा बालिका छात्रावास, देवदरा

Share this

स्रोत: Seva-Hindi      तारीख: 07 Jan 2013 15:10:16

$img_titleमध्य प्रदेश के मंडला जिले में, मंडला के समीप देवदरा में स्थित बैगा बालिका छात्रावास की कहानी बहुत ही दिलचस्प है. ‘बैगा’ मध्य प्रदेश की एक स्थानीय जनजाति है जो यहॉं करीब चालीस गॉंवों में बिखरी है. वे आज भी विकास से काफी दूर है. आधुनिक बस्तियों से दूर, अलग रहना ही पसंद करते है. वे खेती करते है, उसमें कोदो, कुटकी और मके की फसल लेते है.
इन लोगों  को विकास की प्रक्रिया में लाने के लिए उनको, और मुख्यत: उनकी नई पीढ़ी को शिक्षा के साथ नई जीवनशैली से परिचित कराना आवश्यक है, यह बात ध्यान में रखते हुए सेवा भारती ने देवदरा में बैगा बालिकाओं के लिए छात्रावास शुरु किया. इस क्षेत्र में सेवा भारती के अन्य प्रकल्प भी चलते है. राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के ज्येष्ठ प्रचारक लाल बिहारी सिंह, जो महाकौशल प्रान्त सेवा प्रमुख भी है, इन प्रकल्पों के काम में मार्गदर्शन करते है.
$img_titleपहले तो बैगा अपनी लड़कियों को इस छात्रावास में भेजने के लिए तैयार ही नहीं थे. सेवा भारती के कार्यकर्ताओं ने उनके साथ घुल-मिल कर, लंबे समय तक उन्हें काफी समझाया; तब कहीं उनकी सोच कुछ बदली. गिने-चुने परिवार अपनी बच्चियों को छात्रावास में भेजने के लिए तैयार हुए. बच्चियॉं छात्रावास में आयी, लेकिन अधिकांश अपने परिवार से दूर, नए वातावरण में स्वयं को ढाल नहीं पाई. कुछ तो छात्रावास से भागकर, ८० किलोमीटर से अधिक की दूरी तय कर वापस अपने घर चली गई. फिर भी सेवा भारती के कार्यकर्ताओं ने प्रयास नहीं छोड़े. लड़कियों को पढ़ने के लिए छात्रावास में भेजने हेतु उनके परिवार को मनाना और लड़कियों को भी छात्रावास में रहने के लिए राजी करना चलता रहा. दुबारा कुछ लड़कियों के परिवार उन्हें छात्रावास में भेजने के लिए राजी हुए, उन परिवारों की लड़कियों को भी छात्रावास में रहने के लिए मनाया गया और इस प्रयास में सफलता मिली. अब की बार छात्रावास में आयी लड़कियों ने लगन से पढ़ाई की.
$img_titleयहॉं पढ़ने वाली लड़कियों के परिवारों को भी विश्‍वास हुआ कि, छात्रावास में लड़कियॉं सुरक्षित है. यह विश्‍वास का वातावरण निर्माण होने के बाद छात्रावास  शुरू करने का हेतु सफल हुआ. आज इस छात्रावास की एक लड़की इंदौर के अभियांत्रिकी महाविद्यालय में, तो पॉंच तंत्रनिकेतन महाविद्यालय में पढ़ती है. शिक्षा तथा अन्य क्षेत्रों में भी कई लड़कियॉं नौकरी करती है.
छात्रावास की अधीक्षिका रजनी अवधिया बताती है कि, चौथी से बारवी कक्षा में पढ़ने वाली ८६ लड़कियॉं छात्रावास में रहती है. ये लड़कियॉं मंडला, डिंडोरी और सिवनी जिलों के ५४ गॉंवों से आयी है. छात्रावास में खेल, लोकगीत और नृत्य जैसे सांस्कृतिक कार्यक्रम नियमित होते रहते है. कबड्डी और खो-खो की राज्य स्तरीय स्पर्धा में यहॉं की लड़कियों ने प्रतिनिधित्व किया है.
$img_titleकॅनडा निवासी विज परिवार छात्रावास की देखभाल करता है. विज परिवार के सदस्य जगदीश, धर्मवीर और अनिल में से जो कोई भारत आता है, वह छात्रावास को भेट देकर उसके काम की जानकारी लेता है. मध्य क्षेत्र सेवा भारती प्रमुख श्री विष्णु कुमार के माध्यम से विज परिवार छात्रावास के काम से जुड़ा, यह उल्लेखनीय. 

 

बालाघाट का वनवासी कन्या छात्रावास
बैगा बालिका छात्रावास की तरह ही ३ जुलाई २००३ को सेवा भारती ने, मध्य प्रदेश के बालाघाट में वनवासी कन्या छात्रावास शुरू किया. २००५ में यह छात्रावास अपने स्वामित्व की इमारत में स्थिर हुआ. छात्रावास की अधीक्षिका भारती गौतम ने बताया कि, बालाघाट और सिवनी जिलों में के ३० गॉंवों से आयी ५५ छात्राए ६ वी से पदवी स्तर की कक्षाओं में पढ़ती है. एक छात्रा तंत्र निकेतन और एक अभियांत्रिकी में पढ़ती है, कुछ ने डी. एड. में प्रवेश लिया है. ४० छात्राए सरस्वती शिशु मंदिर में और १० विवेक ज्योति विद्यालय में, उनके आयु समूह के अनुसार विविध कक्षाओं में पढ़ती है. $img_titleछात्राओं
$img_title को मार्गदर्शन करने के लिए छात्रावास द्वारा विशेष अभ्यास वर्ग आयोजित किए जाते है. छात्राओं के परिवारों को उनके शैक्षणिक प्रगति की जानकारी देने, और उनके स्थान संबंध दृढ करने हेतु पालक सभाए आयोजित की जाती है. इस उपक्रम को पालकों की ओर से बहुत अच्छा प्रतिसाद मिलता है. 

संपर्क
सेवा भारती बैगा कन्या छात्रावास
देवदरा
जिला मंडला
(मध्यप्रदेश, भारत)

देवदरा कैसे पहुँचे
देवदरा गांव मंडला जिले में आता है.
हवाई मार्ग : मंडला से समीपतम हवाई अड्डा, ९७ कि.मी. दूर जबलपुर का है. २५० कि.मी. दूर नागपुर का अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा अधिक सुविधाजनक है.
रेल मार्ग : ९७ कि.मी. दूर जबलपुर रेल स्टेशन मंडला से समीपतम है.
सडक मार्ग : नागपुर और जबलपुर से मंडला के लिए नियमित बस सेवा उपलब्ध है. नागपुर से मंडला ६ घंटे का सफर है.

बालाघाट कैसे पहुँचे
हवाई मार्ग :
बालाघाट से नजीकतम हवाई अड्डा नागपुर (१२२ कि.मी.) का है और जबलपुर का १३४ कि.मी. दूर है.
रेल मार्ग : जबलपुर-बालाघाट नॅरोगेज रेल लाईनपर और दक्षिण-पूर्व रेल विभाग के गोंदिया-बालाघाट ब्रॉड गेज लाईन पर बालाघाट स्टेशन है. गोंदिया (४६ कि.मी.) स्टेशन अधिक सुविधाजनक है.
सडक मार्ग : राज्य महामार्ग ११ और २६ बालाघाट से जाते है. भोपाल, नागपुर, गोंदिया, जबलपुर, रायपुर से राज्य निगम परिवहन की बसेस उपलब्ध है.

... ...